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कैसे चुने जाते हैं


बॉब्स जूरी की बैठक की बात है. एक जूरी सदस्य किसी अन्य भाषा के ब्लॉग के बारे में चल रही प्रेजेन्टेशन को सुन रहे थे. अचानक ही वे उठ खड़े हुए और कहने लगे, “मैं इसके हक में हूं. हमारे देश में भी एक ऐसी ही मुहिम की जरूरत है.”
इस वाकये के जरिए हम आपको बॉब्स की विशेषता से अवगत कराना चाहते हैः बॉब्स पुरस्कार के जूरी सदस्य अलग अलग देशों से आते हैं और उन्हें अलग अलग भाषाओं में ब्लॉगरों को बढ़ावा देना होता है, उन्हें सम्मानित करना होता है और उनके बारे में चर्चा करनी होती है.

हर श्रेणी में ब्लॉग का विषय, उसकी व्यावहारिकता और बनावट पर ध्यान दिया जाता है. हमने इस सिलसिले में तीन शर्तें तय की हैं.

ब्लॉग का मसौदा

  • आइडिया और शुरुआत, उसका क्रियान्वयन और जानकारी
  • मुद्दा, समाजिक महत्व
  • पाठकों के अनुरूप, विश्वास दिलाने की क्षमता
  • भाषा का प्रयोग
  • लंबे वक्त तक मुद्दे पर बहस
  • पारदर्शिता और विश्वसनीयता

सृजनात्मकता

  • देखने में अलग, कलात्मक पेशकश, इंटरनेट में सारी संभावनाओं का अच्छा प्रयोग

नयापन

  • नया रूप या ब्लॉग की खासियत

इसके अलावा जूरी कुछ और खास शर्तों को ध्यान में रखते हुए  बैठक में उस पर है जो विशेष चर्चा करेगी. इस बैठक में जूरी सदस्य तीन श्रेणियों में सबसे अच्छे ब्लॉगों का चयन करेंगे.

क्या एक नामांकित ब्लॉग अपनी भाषा के दायरे से बाहर आकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लोगों को प्रभावित करता है? क्या इस वेबसाइट में एक ऐसे कार्यकर्ता या ब्लॉगर की कहानी है जिसने अपनी जान पर खेलकर कुछ खास किया है और जिसे एक अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार की मदद से प्रेरणा और सहारा दिया जा सकता है? क्या एक ऐसे रचनात्मक प्रोजेक्ट की बात हो रही है जिसे बाकी भाषाओं और देशों में भी इस्तेमाल किया जा सकता है? अगर इन सवालों में से किसी एक सवाल का भी जवाब हां है, तो यह ब्लॉग या वेबसाइट बॉब्स के लिए एक बढ़िया मिसाल है.

प्रतियोगिता से उन वेबसाइटों को वर्जित किया जाएगा जिनमें नस्लवाद, सांप्रदायिकता, अश्लीलता का प्रचार किया जा रहा है और महिलाओं या किसी खास सामाजिक तबके का अपमान किया जा रहा हो. अगर कोई वेबसाइट धार्मिक कट्टरपंथ और हिंसा को बढ़ावा देती हो, तो भी उसे प्रतियोगिता में शामिल नहीं किया जाएगा.

पब्लिक चॉइस अवॉर्ड

लोगों की वोटिंग के मुताबिक सबसे ज्यादा वोट के आधार पर नामांकित ब्लॉगर को यह पुरस्कार दिया जाता है. जिस ब्लॉग या प्रोजेक्ट को सबसे ज्यादा वोट मिलते हैं, उसे इनाम दिया जाता है.